15. मांग और वसूली

प्र 1. कम भुगतान या भुगतान नहीं करने या गलती से राशि वापस लौटाने या गलत तरीके से इनपुट कर क्रेडिट का लाभ उठाने या प्रयोग करने पर कर की वसूली के प्रयोजन के लिए क्या धारा लागू होती है?

प्र 2. क्या धारा 51-ए के अंतर्गत किसी व्यक्ति को नोटिस जारी करने से पहले वह ब्याज सहित कर राषि के भुगतान का उत्तरदायी हो सकता है?

प्र 3. यदि धारा 51ए के अंतर्गत नोटिस जारी करने के बाद नोटिस प्राप्तकर्ता भुगतान कर देता है, क्या ऐसे मामले में न्यायिक निर्णय की आवश्यकता है?

प्र 4. धारा 51ए/बी के अंतर्गत कारण बताओ नोटिस जारी करने की प्रासंगिक तारीख क्या है?

प्र 5. क्या धारा 51ए/बी के अंतर्गत मामलों में एस.सी.एन. या न्यायिक निर्णय जारी करने की कोई समय सीमा है?

प्र 6. क्या धारा 51ए/बी के अंतर्गत नोटिस जारी करने से पहले एक व्यक्ति ब्याज सहित कर की मांग का भुगतान कर सकता है?

प्र 7. यदि धारा 51बी के अंतर्गत नोटिस जारी किया जाता है और नोटिस प्राप्तकर्ता भुगतान कर देता है, क्या इस मामले में किसी न्यायिक निर्णय की आवष्यकता हे?

प्र 8. यदि किसी मामले में धारा 51बी के अंतर्गत नोटिस देने का निर्णय लिया गया है और जारी किये आदेष में कर की मांग और जुर्माने की पुश्टि की गई है, क्या नोटिस प्राप्त करने वाले व्यक्ति के पास कम जुर्माने का भुगतान करने के लिए कोई विकल्प है?

प्र 9. ऐसे मामलों (दोनों धाराएं 51ए और बी के अंतर्गत) में क्या होगा जब नोटिस जारी कर दिया गया है लेकिन 3 वशों (51ए)/5 साल (51बी) के भीतर आदेश पारित नहीं किया गया?

प्र 10. जब कोई व्यक्ति किसी अन्य व्यक्ति से कर तो एकत्रित करता है लेकिन सरकारी खाते में जमा नहीं करता है तब उस स्थिति में क्या होता है ?

प्र 11. किसी मामले में यदि कोई व्यक्ति धारा 52 के उल्लंघन में एकत्रित कर जमा नहीं करता, ऐसी स्थिति में उस पर क्या कार्रवाई की जा सकती है?

प्र 12. यदि कर एकत्र करने के बाद भुगतान नहीं किया गया है क्या इन मामलों में धारा 52 के अंतर्गत नोटिस जारी करने के लिए कोई समय सीमा है?

प्र 13. सक्षम अधिकारी के पास कर की वसूली के क्या तरीके उपलब्ध हैं?

प्र 14. क्या सक्षम अधिकारी देय कर भुगतान की राषि की किश्तों में अनुमति दे सकता है?

प्र 15. ऐसे मामलों में क्या होता है जब अपील/संशोधन की कार्यवाही में कर की पुष्टि की गई मांग (कन्फर्म डिमांड) को बढ़ा दिया जाता है?

प्र 16. यदि कोई व्यक्ति जो कर का भुगतान करने के लिये उत्तरदायी है और उसके कुछ निश्चित कर दायित्व हैं और इस बीच वह अपने व्यापार को किसी दूसरे व्यक्ति को स्थानान्तरित कर देता है, उसकी मौजूदा कर देयता के बारे में क्या होता है?

प्र 17. जब एक कपनी (कराधीन व्यक्ति) दिवालिया हो जाती/जाता है तब देय कर की राशि का क्या होता है?

प्र 19. एक कराधीन व्यक्ति की कर देयता का क्या होता है, जिसका व्यापार किसी अभिभावक/न्यासी या एक नाबालिग के एजेंट द्वारा किया जाता हे?

प्र 20. जब एक कराधीन व्यक्ति की संपत्ति वार्ड न्यायालय के नियंत्रण में आ जाती है तब क्या होता है?

 

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